इराक़ में उत्पीड़न के खिलाफ महिलाओं का कैमरा अभियान चर्चा में
बगदाद। इराक़ में यौन उत्पीड़न के खिलाफ महिलाओं ने एक नया रास्ता अपनाया है। महिलाएं अब घटनाओं को कैमरे में कैद कर सोशल मीडिया के जरिए सामने ला रही हैं, ताकि दोषियों की पहचान हो और समाज में इस समस्या पर खुली बहस शुरू हो सके। यह अभियान देश के कई शहरों में चर्चा का विषय बना हुआ है।
अभियान से जुड़ी महिलाओं का कहना है कि लंबे समय से पीड़ितों की आवाज दब जाती थी और शिकायतों पर कार्रवाई धीमी रहती थी। वीडियो सबूत सामने आने से मामलों को नकारना मुश्किल हो जाता है और प्रशासन पर कार्रवाई का दबाव बनता है। कई मामलों में सार्वजनिक दबाव के बाद जांच शुरू होने की खबरें भी आई हैं।
महिला अधिकार कार्यकर्ताओं का कहना है कि तकनीक ने पीड़ितों को आवाज दी है, लेकिन साथ ही उनकी सुरक्षा और निजता की रक्षा भी जरूरी है। विशेषज्ञ मानते हैं कि कानूनी सुधार, तेज न्याय और सामाजिक सोच में बदलाव के बिना यह लड़ाई अधूरी रहेगी। फिर भी यह अभियान महिलाओं के अधिकारों की दिशा में साहसिक कदम माना जा रहा है।
