टेक्सटाइल निर्यात में बढ़त, हथकरघा उत्पादों की माँग तेज़

भारतीय टेक्सटाइल निर्यात में बढ़त दर्ज की गई है। उद्योग संगठनों के अनुसार यूरोप और अमेरिका के बाजारों में भारतीय कपड़ों और परिधानों की माँग बढ़ी है। विशेषकर हथकरघा और हस्तशिल्प उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों से अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है।

बुनकरों और कारीगरों का कहना है कि निर्यात बढ़ने से उनके काम को सम्मान और बेहतर दाम दोनों मिल रहे हैं। सरकार की ओर से निर्यातकों को प्रोत्साहन और व्यापार मेलों में भागीदारी की सुविधा दी जा रही है। कई बुनकर समूह अब सीधे विदेशी खरीदारों से जुड़ रहे हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि पर्यावरण के अनुकूल और हाथ से बने वस्त्रों की वैश्विक माँग भारत के लिए बड़ा अवसर है। यदि बुनियादी ढाँचे और डिजाइन में निवेश बढ़ा तो भारत टेक्सटाइल निर्यात में और आगे बढ़ सकता है।