दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण से राहत नहीं, ग्रैप का पहला चरण लागू
दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण की समस्या लगातार बनी हुई है। ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप) का पहला चरण लागू होने के बावजूद प्रदूषण के स्तर में अपेक्षित कमी नहीं आई है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक खराब श्रेणी में बना हुआ है।
शुक्रवार को दिल्ली का औसत एक्यूआई 230 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है। मुख्य प्रदूषक पीएम 2.5 रहा। एनसीआर के कई शहरों में भी हवा की गुणवत्ता खराब रही, जिससे लोगों को सांस लेने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पूर्वानुमान के अनुसार अगले कई दिनों तक प्रदूषण के स्तर में खास सुधार की संभावना नहीं दिख रही है। मौसम विभाग के अनुसार हवा की गति कम रहने और अन्य मौसमी कारणों से प्रदूषक तत्व वातावरण में जमा हो रहे हैं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बच्चों, बुजुर्गों और सांस के मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। लोगों से कहा गया है कि वे सुबह-शाम की सैर के दौरान मास्क का प्रयोग करें और अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें।
