दक्षिण कोरिया ने उत्तर कोरिया को सैन्य वार्ता का प्रस्ताव दिया
दक्षिण कोरिया ने 23 अक्टूबर को उत्तर कोरिया को अंतर-कोरियाई सैन्य वार्ता का औपचारिक प्रस्ताव दिया है। यह प्रस्ताव ऐसे समय में आया है, जब उत्तर कोरिया ने घोषणा की है कि वह दक्षिण की ओर लक्षित लाउडस्पीकरों को फिर से चालू करेगा और सीमा को किले की तरह मजबूत करने की बात कही है।
कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव लंबे समय से बना हुआ है। दोनों देशों के बीच तकनीकी रूप से युद्ध की स्थिति आज भी जारी है, क्योंकि कोरियाई युद्ध के बाद कोई शांति संधि नहीं हुई थी। ऐसे में सैन्य वार्ता का प्रस्ताव तनाव कम करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
दक्षिण कोरिया का मानना है कि बातचीत के जरिए गलतफहमी और आकस्मिक टकराव से बचा जा सकता है। सैन्य संचार चैनलों को खुला रखना दोनों पक्षों के हित में है, खासकर तब जब सीमा पर गतिविधियां बढ़ रही हों।
अब सबकी नजर इस बात पर है कि उत्तर कोरिया इस प्रस्ताव पर क्या प्रतिक्रिया देता है। अगर वार्ता शुरू होती है, तो इससे प्रायद्वीप में स्थिरता की उम्मीद बढ़ेगी। विशेषज्ञों का कहना है कि छोटे-छोटे विश्वास बहाली के कदम भी बड़े बदलाव की शुरुआत कर सकते हैं।
