अक्टूबर में UPI लेनदेन ने तोड़ा पिछला रिकॉर्ड

अक्टूबर के त्योहारी महीने में यूपीआई लेनदेन ने नया रिकॉर्ड बनाया है। एनपीसीआई के आँकड़ों के अनुसार इस महीने डिजिटल भुगतान की संख्या और मूल्य दोनों में उल्लेखनीय बढ़त दर्ज की गई। विशेषज्ञों का कहना है कि त्योहारी खरीदारी और ऑनलाइन लेनदेन की बढ़ती आदत इसका मुख्य कारण है।

छोटे शहरों और गाँवों में भी यूपीआई का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं से लेकर बड़े शोरूम तक हर जगह क्यूआर कोड से भुगतान आम हो गया है। बैंक अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल भुगतान से नकदी का बोझ कम हुआ है और लेनदेन पारदर्शी हुआ है।

अर्थशास्त्रियों का मानना है कि यूपीआई की सफलता ने भारत को वैश्विक डिजिटल भुगतान मानचित्र पर अग्रणी स्थान दिलाया है। कई देश अब भारत के यूपीआई मॉडल को अपनाने में रुचि दिखा रहे हैं। आने वाले महीनों में शादियों के सीजन में यह रफ्तार और बढ़ने की उम्मीद है।