करवा चौथ पर सुहागिनों का व्रत, चांद के दीदार का इंतज़ार

करवा चौथ का व्रत सुहागिन महिलाओं ने पति की लंबी उम्र की कामना के साथ रखा। सुबह सरगी के बाद दिनभर निरजला व्रत रखकर शाम को कथा सुनी जाती है और चांद के दीदार के बाद व्रत का पारण किया जाता है। घरों में इस पर्व को लेकर विशेष उत्साह देखा गया।

बाजारों में करवा चौथ को लेकर खासी रौनक देखी गई। मेहंदी लगवाने, सोलह श्रृंगार और पूजा सामग्री की खरीदारी के लिए महिलाओं की भीड़ दुकानों पर जुटी रही। करवे, चलनी और दीये की दुकानों पर भी भारी भीड़ रही। कई जगहों पर सामूहिक कथा वाचन के आयोजन भी किए गए।

बदलते समय के साथ अब कई पति भी पत्नी के साथ व्रत रखने लगे हैं। जानकारों का कहना है कि यह पर्व दांपत्य प्रेम और समर्पण का प्रतीक है, जो भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपरा को दर्शाता है। शाम ढलते ही छतों पर चांद का इंतजार करती महिलाओं की भीड़ नजर आई।