भारत-रूस द्विपक्षीय नौसैनिक अभ्यास इंद्र 2026 का समापन
भारत और रूस के बीच द्विपक्षीय नौसैनिक अभ्यास ‘इंद्र 2026’ का समापन हो गया। इस अभ्यास में दोनों देशों की नौसेनाओं ने संयुक्त अभियान चलाए और समुद्री सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर समन्वय का प्रदर्शन किया।
अभ्यास के दौरान पनडुब्बी रोधी युद्ध, वायु रक्षा और समुद्री गश्त जैसे अभियानों का अभ्यास किया गया। दोनों नौसेनाओं के युद्धपोतों, विमानों और विशेष बलों ने इसमें हिस्सा लिया।
रक्षा अधिकारियों के अनुसार, इंद्र अभ्यास दोनों देशों के बीच दशकों पुराने रक्षा सहयोग का प्रतीक है। इससे आपसी विश्वास बढ़ता है और समुद्री क्षेत्र में संयुक्त चुनौतियों से निपटने की क्षमता मजबूत होती है।
हिंद महासागर क्षेत्र में बढ़ती सामरिक गतिविधियों के बीच इस अभ्यास को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। समुद्री डकैती और तस्करी जैसी चुनौतियों से निपटने में भी इस तरह के संयुक्त अभ्यास कारगर साबित होते हैं। दोनों देशों ने भविष्य में भी इस तरह के अभ्यास जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई है।
