करवा चौथ 2026: पंजाब से यूपी तक व्रत की परंपराएँ

नई दिल्ली। करवा चौथ का पर्व इस वर्ष भी देशभर में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। पंजाब, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में सुहागिन महिलाओं ने पति की लंबी उम्र की कामना के साथ निर्जला व्रत रखा। सुबह सरगी के साथ शुरू हुआ व्रत शाम को कथा श्रवण और चाँद निकलने पर अर्घ्य देने के साथ पूरा होगा।

हर क्षेत्र में इस पर्व की अपनी अलग परंपराएँ हैं। कहीं मिट्टी के करवे से पूजा होती है तो कहीं समूह में बैठकर महिलाएँ कथा सुनती हैं और थालियाँ घुमाकर बायना निकालती हैं। बाज़ारों में मेहंदी, चूड़ियों, साज-सज्जा और मिठाइयों की दुकानों पर दिनभर रौनक बनी रही।

समय के साथ पर्व का स्वरूप भी बदल रहा है। कई स्थानों पर पति भी पत्नी के साथ व्रत रख रहे हैं, वहीं कार्यशील महिलाएँ सामूहिक आयोजनों में शामिल होकर परंपरा निभा रही हैं। करवा चौथ अब केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि पारिवारिक प्रेम और साथ का उत्सव बन गया है।