आग और आपदा के समय त्वरित राहत ही जान बचाती है
आग, बाढ़ या किसी अन्य आपदा के समय सबसे कीमती चीज समय होती है। राहत और बचाव दल जितनी जल्दी मौके पर पहुंचते हैं, जान-माल का नुकसान उतना ही कम होता है। इसलिए आपदा प्रबंधन में तैयारी, प्रशिक्षण और उपकरणों की उपलब्धता पहले से सुनिश्चित होना बहुत जरूरी है।
आम नागरिकों की जागरूकता भी आपदा के समय जीवनरक्षक साबित होती है। आग लगने पर क्या करना है, सुरक्षित निकास मार्ग कहां है और आपातकालीन नंबर कौन से हैं, यह जानकारी हर परिवार को होनी चाहिए। स्कूलों, बाजारों और आवासीय भवनों में अग्नि सुरक्षा उपायों की नियमित जांच भी जरूरी है।
आपदा के बाद राहत कार्यों में प्रशासन, स्वयंसेवी संगठनों और स्थानीय लोगों की भागीदारी से काम तेज होता है। प्रभावित लोगों को भोजन, आश्रय और चिकित्सा सहायता समय पर मिलना ही मानवीय राहत का असली अर्थ है। तैयारी और त्वरित कार्रवाई से ही आपदाओं के नुकसान को कम किया जा सकता है।
